ऑनलाइन यूजर : 149
फ़ॉन्ट का आकार   A+  A  A-     Default Black     भाषा  
RTE Header

निःशुल्क शिक्षा के लिए पात्रता
  • निःशुल्क शिक्षा के लिए पात्रता
    • दुर्बल वर्ग
      • ऐसे बालक जिनके अभिभावकों की वार्षिक आय 1.00 लाख रुपये या उससे कम है ।
    • असुविधाग्रस्त समूह
      • अनुसूचित जाति के बालक
      • अनुसूचित जन जाति के बालक
      • अनाथ बालक
      • एचआईवी अथवा केंसर से प्रभावित बालक अथवा एचआईवी अथवा केंसर से प्रभावित माता-पिता/संरक्षक के बालक
      • युद्ध विधवा के बालक
      • निःशक्त बालक जो कि निःशक्त व्यक्ति (समान अवसर, अधिकार संरक्षण और पूर्ण सहभागिता) अधिनियम, 1995 की परिभाषा में सम्मिलित हों ।
      • पिछड़ा वर्ग अथवा विशेष पिछड़ा वर्ग के ऐसे बालक जिनके अभिभावकों की वार्षिक आय 1.00 लाख रुपये या उससे कम है ।
      • ऐसे बालक जिनके अभिभावक का नाम राज्य सरकार के ग्रामीण विकास विभाग / शहरी विकास विभाग द्वारा तैयार की गयी बी.पी.एल. सूची (केन्द्रीय सूची या राज्य सूची) में सम्मिलित है ।
    • बालक गैर सरकारी विद्यालय के आसपास के परिक्षेत्र (कैचमेंट एरिया) में निवास करने वाला होना चाहिए । राज्य नियमों के अनुसार विद्यालय का परिक्षेत्र शहरी क्षेत्रों में संबंधित स्थानीय निकाय अर्थात नगर निगम/नगर परिषद/नगर पालिका जैसी भी स्थिति हो, तथा ग्रामीण क्षेत्रों में संबंधित ग्राम पंचायत निर्धारित किया गया है । प्रवेश के समय शहरी क्षेत्रों में विद्यालय से संबंधित वार्ड तथा ग्रामीण क्षेत्रों में विद्यालय से संबंधित गांव में निवास करने वाले बालक-बालिका को प्राथमिकता दी जायेगी। इससे स्पष्ट है कि विद्यालय जिस वार्ड/गांव में स्थित है, वहां से वांछित संख्या में बालक उपलब्ध नहीं होने की स्थिति में ही शेष शहरी निकाय/ग्राम पंचायत के बालकों को प्रवेश दिया जायेगा। किसी भी स्थिति में शहरी निकाय/ग्राम पंचायत से बाहर निवास करने वाले बालक-बालिका प्रवेश के पात्र नहीं होंगे ।
visitors
provider
update
ft1
 
Best Viewed in: Firefox, Google Chrome.
Digital India
Gyan Sankalp portal